धर्म
Trending

श्री गुरु रविदास महासभा की बैठक संपन्न, पोस्टर विमोचन कर संत समागम की तैयारियों पर चर्चा

हनुमानगढ़। श्री गुरु रविदास गुरु घर हनुमानगढ़ में रविवार को श्री गुरु रविदास महासभा की महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता जिला संरक्षक सुखमहेंद्र सिंह ने की, जबकि प्रदेश संरक्षक लखपत राय, प्रदेश सचिव मनसुखजीत सिंह, जिला महासचिव बलविंदर सिंह सहित कई गणमान्य सदस्य इसमें उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान आगामी 8 अप्रैल 2025 को आयोजित होने वाले राजस्थान के प्रथम संत समागम के लिए पोस्टर विमोचन किया गया। यह समागम डेरा सचखंड बल्ला, जालंधर के संत निरंजन दास जी की सानिध्य में आयोजित किया जाएगा। इस विशेष आयोजन को भव्य बनाने के उद्देश्य से जिला कार्यकारिणी एवं तहसील कार्यकारिणी की बैठक में विभिन्न विषयों पर चर्चा की गई।
तहसील कोषाध्यक्ष जगजीत सिंह संगरिया ने सुझाव दिया कि इस संत समागम की सफलता के लिए जिम्मेदारियों का स्पष्ट निर्धारण किया जाए, ताकि सभी सदस्य अपने-अपने कार्य को प्रभावी रूप से पूरा कर सकें। वहीं, पीलीबंगा तहसील अध्यक्ष जगजीत सिंह सुमल ने इस कार्यक्रम के व्यापक प्रचार-प्रसार की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि गांव-गांव जाकर संत समागम के महत्व को बताया जाए और अधिक से अधिक श्रद्धालुओं को इस आयोजन से जोड़ा जाए।
प्रदेश सचिव मनसुखजीत सिंह ने जानकारी दी कि यह राजस्थान का प्रथम संत समागम होगा, जिसकी तैयारियां गंगानगर जिले की टीम द्वारा पूरी कर ली गई हैं। उसी क्रम में आज पोस्टर विमोचन कार्यक्रम संपन्न हुआ। उन्होंने कहा कि आगामी दिनों में भी बैठकें आयोजित की जाएंगी, ताकि आयोजन की सभी तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा सके।
बैठक में प्रदेश संरक्षक लखपत राय, प्रदेश सचिव मनसुखजीत सिंह, जिला महासचिव डॉ. बलविंदर सिंह, पूर्व जिला अध्यक्ष बहादुर सिंह, तहसील सदस्य आनंद प्रकाश, नीरज धोसीवाल, मनीष कुमार, संदीप मेघवाल, सुरेंद्र प्रसाद खटीक, दिव्यांशु कुमार, मैनपाल मोहन मांड्या, हेमचंद मंडिया, बाबा हरबंस लाल एवं टिब्बी तहसील से सोढ़ीपाल सहित कई गणमान्य सदस्य उपस्थित रहे।
इस बैठक में उपस्थित सभी सदस्यों ने आगामी संत समागम को ऐतिहासिक बनाने का संकल्प लिया। संत समागम का मुख्य उद्देश्य गुरु रविदास जी के विचारों और शिक्षाओं का प्रचार-प्रसार करना है, जिससे समाज में भाईचारा, समरसता और आध्यात्मिक चेतना को बढ़ावा मिल सके।
प्रदेश संरक्षक लखपत राय ने कहा कि इस संत समागम से राजस्थान के श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक प्रेरणा मिलेगी। वहीं, पूर्व जिला अध्यक्ष बहादुर सिंह ने कहा कि संत समागम को सफल बनाने के लिए सभी श्रद्धालुओं और कार्यकर्ताओं को समर्पित भाव से कार्य करना होगा।
प्रदेश महासभा ने निर्णय लिया कि राजस्थान के अन्य जिलों में भी बैठकें आयोजित की जाएंगी, जिससे इस कार्यक्रम की अधिक से अधिक जानकारी लोगों तक पहुंच सके। आगामी दिनों में प्रचार-प्रसार हेतु विशेष टीम गठित की जाएगी, जो संत समागम को सफल बनाने के लिए जनसंपर्क अभियान चलाएगी।
बैठक के अंत में सभी सदस्यों ने संत समागम की सफलता के लिए मिलकर कार्य करने का संकल्प लिया और कार्यक्रम को ऐतिहासिक बनाने की प्रतिबद्धता दोहराई।
Navratan Bharat

Related Articles

Back to top button