भिक्षा नहीं, शिक्षा दें”: बाल भिक्षावृत्ति के खिलाफ प्रशासन ने संभाला मोर्चा

हनुमानगढ़। बच्चों के सुरक्षित भविष्य और बाल भिक्षावृत्ति को जड़ से मिटाने के लिए आज जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (ADR), बाल कल्याण समिति (CWC) और पुलिस विभाग के संयुक्त तत्वावधान में एक विशेष विधिक जागरूकता एवं निरीक्षण अभियान चलाया गया।
जागरूकता अभियान के प्रमुख पड़ाव
टीम द्वारा शहर के व्यस्ततम क्षेत्रों में सघन अभियान चलाया गया, जिसमें शामिल हैं:
मुख्य बस स्टैंड
रेलवे स्टेशन
भगत सिंह चौक
”नकद भिक्षा, बचपन की सजा”
निरीक्षण के दौरान यात्रियों और आमजन को संबोधित करते हुए अधिकारियों ने एक मार्मिक अपील की। उन्होंने बताया कि जब हम बच्चों को नकद पैसे देते हैं, तो हम अनजाने में उन्हें शिक्षा से दूर और भिक्षावृत्ति के दलदल में धकेल देते हैं।
”अगर आमजन बच्चों को नकद भिक्षा देना बंद कर दें, तो आपकी यही जागरूकता हजारों बच्चों का बचपन बचा लेगी। जब भिक्षा मिलना बंद होगी, तभी बच्चे स्कूल और शिक्षा की ओर अग्रसर होंगे।”
सहायता के लिए यहाँ करें संपर्क
आमजन को जागरूक किया गया कि यदि उन्हें कहीं भी कोई बच्चा संकट में या भिक्षावृत्ति में लिप्त मिले, तो वे तुरंत निम्नलिखित हेल्पलाइन नंबरों पर सूचना दें:
चाइल्ड हेल्पलाइन: 1098
ADR हेल्पलाइन: 8306002118
अभियान में शामिल टीम
इस विधिक जागरूकता कार्यक्रम में प्रशासन और पुलिस के विभिन्न अधिकारी मौजूद रहे:
CWC: बेंच मजिस्ट्रेट जितेंद्र गोयल एवं सदस्य विजय सिंह चौहान।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण: मुकुंद ओझा।
विधिक टीम: अधिवक्ता आयुष हिसारिया एवं रविन्द्र सिंह।
पुलिस विभाग: सिटी थाना से देवेंद्र सिंह और RPF थाना से जयपाल सिंह।

