Flash Story
हनुमानगढ़ पुलिस की बड़ी कार्रवाई: ₹5000 का इनामी हिस्ट्रीशीटर नरेश भादू अवैध पिस्तौल व कारतूस के साथ गिरफ्तार
मकून्स प्राइमरी विंग, सरस्वती कॉन्वेंट स्कूल के विद्यार्थियों ने किया इस्कोन मंदिर का सांस्कृतिक एवं शैक्षणिक भ्रमण
स्थापना दिवस तभी सार्थक है, जब उसका उत्सव समाज के काम आए – आशीष विजय
19 जुलाई को सूरतगढ़ में लगेगा भव्य निःशुल्क आयुर्वेद-नेचुरोपैथी चिकित्सा शिविर
ऐलनाबाद में श्रद्धा और भक्ति का उमड़ा सैलाब
श्रीमद्भागवत कथा में श्रीकृष्ण जन्मोत्सव श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया
19 दिनों से अनशन पर बैठे सोनम वांगचुक की चिंता पूरे देश के युवाओं की चिंता : कुमारी सैलजा
चौधरी मनीराम झोरड़ राजकीय महाविद्यालय मिठी सुरेरा ऐलनाबाद को सरपंच ने वाटर कूलर भेंट किया
नकली नोट सप्लाई करने वाला, हिस्ट्रीशीटर भूरिया तीन दिन के रिमांड पर, जेल से प्रोडक्शन पर

मकून्स प्राइमरी विंग, सरस्वती कॉन्वेंट स्कूल के विद्यार्थियों ने किया इस्कोन मंदिर का सांस्कृतिक एवं शैक्षणिक भ्रमण

हनुमानगढ़। मकून्स प्राइमरी विंग, सरस्वती कॉन्वेंट स्कूल के नन्हे विद्यार्थियों ने इस्कोन मंदिर का सांस्कृतिक एवं शैक्षणिक भ्रमण किया। इस अवसर पर बच्चों ने भगवान श्रीकृष्ण के दर्शन कर आध्यात्मिक वातावरण का अनुभव किया तथा भारतीय संस्कृति, संस्कार एवं सनातन परंपराओं के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त की। भ्रमण के दौरान बच्चों ने पूरे उत्साह के साथ “राधे-राधे” भजनों पर मनमोहक नृत्य प्रस्तुत किया। मंदिर परिसर भक्तिमय वातावरण से गूंज उठा और बच्चों का उत्साह देखते ही बनता था। इस दौरान विद्यार्थियों ने भक्ति, सेवा, अनुशासन, प्रेम एवं सदाचार जैसे जीवन मूल्यों को भी आत्मसात करने का प्रयास किया। भगवान श्रीकृष्ण को विधिवत भोग अर्पित करने के उपरांत सभी विद्यार्थियों एवं शिक्षकों के बीच पवित्र महाप्रसाद का वितरण किया गया। बच्चों ने श्रद्धापूर्वक महाप्रसाद ग्रहण किया तथा प्रसाद के आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक महत्व को भी जाना। यह भ्रमण बच्चों के लिए शिक्षा, संस्कृति, आध्यात्मिकता और आनंद का अद्भुत संगम साबित हुआ। इस्कोन मन्दिर के सेक्रेटरी मधुसूदन शर्मा ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा, “बचपन में दिए गए संस्कार जीवनभर व्यक्ति का मार्गदर्शन करते हैं। यदि बच्चों को प्रारंभ से ही भगवान के प्रति श्रद्धा, सेवा और भारतीय संस्कृति से जोड़ा जाए, तो वे निश्चित रूप से श्रेष्ठ नागरिक बनेंगे। ऐसे प्रयास समाज और राष्ट्र के उज्ज्वल भविष्य की नींव हैं।” प्रभुजी श्याम सुंदर जी ने बच्चों को भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं का सरल एवं रोचक वर्णन करते हुए कहा, “श्रीकृष्ण हमें प्रेम, करुणा, मित्रता और धर्म के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देते हैं। हमें सदैव सत्य बोलना, अपने माता-पिता एवं गुरुओं का सम्मान करना तथा सभी के प्रति प्रेमभाव रखना चाहिए।” प्रभुजी वनमाली गोपाल दास जी ने बच्चों को भक्ति एवं सेवा का महत्व समझाते हुए कहा, “जीवन में अच्छे संस्कार, अनुशासन और ईश्वर के प्रति आस्था व्यक्ति को हर परिस्थिति में सही मार्ग दिखाती है। छोटी-छोटी अच्छी आदतें ही आगे चलकर एक महान व्यक्तित्व का निर्माण करती हैं।” संस्थान की डायरेक्टर श्रीमती रिया अग्रवाल ने कहा, मकून्स में हमारा उद्देश्य बच्चों को केवल गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देना नहीं, बल्कि उन्हें अपनी समृद्ध भारतीय संस्कृति, नैतिक मूल्यों एवं आध्यात्मिक विरासत से भी जोड़ना है। ऐसे शैक्षणिक एवं सांस्कृतिक भ्रमण बच्चों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और उन्हें अपनी जड़ों से जुड़ने का अवसर प्रदान करते हैं।” प्रधानाचार्या श्रीमती सुरभि शर्मा ने कहा, “विद्यालय का प्रयास है कि बच्चों को पुस्तकीय ज्ञान के साथ-साथ व्यवहारिक एवं सांस्कृतिक शिक्षा भी मिले। इस्कान मंदिर का यह भ्रमण विद्यार्थियों के लिए अत्यंत प्रेरणादायक एवं यादगार रहा। बच्चों ने पूरे अनुशासन, उत्साह और आनंद के साथ प्रत्येक गतिविधि में भाग लिया तथा भारतीय संस्कृति के विभिन्न पहलुओं को निकट से समझा।” भ्रमण के अंत में विद्यालय परिवार ने इस्कान मंदिर प्रबंधन का आत्मीय स्वागत, स्नेहपूर्ण आतिथ्य, भगवान श्रीकृष्ण के दर्शन, महाप्रसाद वितरण एवं बच्चों को प्रदान किए गए आध्यात्मिक मार्गदर्शन के लिए हार्दिक आभार व्यक्त किया। इस पूरे कार्यक्रम ने बच्चों के मन में भारतीय संस्कृति, आध्यात्मिकता और नैतिक मूल्यों के प्रति नई प्रेरणा का संचार किया।

Back To Top