हनुमानगढ़। जिले में महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और अधिकारों की प्रभावी सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से बुधवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय के सभागार में विभिन्न विभागों की संयुक्त बैठक आयोजित की गई। पुलिस महानिदेशक, जयपुर के निर्देशानुसार आयोजित इस महत्वपूर्ण बैठक में महिला सुरक्षा से जुड़े मामलों में त्वरित कार्रवाई, विभागीय समन्वय और संवेदनशील कार्यशैली को लेकर विस्तृत मंथन किया गया।
बैठक की अध्यक्षता इन्वेस्टिगेशन यूनिट फॉर क्राइम अगेंस्ट वूमेन (IUCAW) की अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राज कंवर ने की। बैठक में बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष जितेंद्र गोयल, नोहर सेक्टर की अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गीता चौधरी, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नवनीत शर्मा, महिला थाना प्रभारी चंद्रकला, जिला परिवहन अधिकारी नरेश पूनिया,सखी सेंटर प्रभारी मोनिका शर्मा सहित पुलिस, चिकित्सा, महिला एवं बाल विकास तथा अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
बैठक में महिलाओं से जुड़े मामलों में सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने पर विशेष जोर दिया गया। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि छात्र -छात्राओं को जेंडर सेंसिटाईजेशन करने,चाइल्ड हेल्पलाइन, राजकॉप, महिला सुरक्षा हेल्पलाइन, साइबर सेफ्टी,महिला बीट अधिकारी योजना,पोक्सो रूल्स,महिला शक्ति आत्मरक्षा आदि सिस्टम को मजबूत करने व महिला उत्पीड़न, घरेलू हिंसा, छेड़छाड़, बालिकाओं से जुड़े अपराध और अन्य संवेदनशील मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरती जाए तथा प्रत्येक शिकायत पर समयबद्ध, निष्पक्ष और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
साथ ही यह भी निर्देश दिए गए कि सरकारी कार्यालयों, संस्थानों और कार्यस्थलों पर महिलाओं के लिए सुरक्षित एवं सम्मानजनक वातावरण सुनिश्चित किया जाए। किसी भी महिला के साथ भेदभाव, उत्पीड़न अथवा अनुचित व्यवहार की शिकायत मिलने पर संबंधित विभाग तत्काल कार्रवाई करते हुए पीड़िता को आवश्यक कानूनी एवं प्रशासनिक सहायता उपलब्ध कराए।
बैठक में महिला सुरक्षा को केवल पुलिस की जिम्मेदारी न मानते हुए इसे सभी विभागों की साझा जिम्मेदारी बताया गया। अधिकारियों ने कहा कि महिला सुरक्षा को मजबूत बनाने के लिए पुलिस, चिकित्सा विभाग, बाल कल्याण समिति, महिला एवं बाल विकास विभाग और अन्य एजेंसियों के बीच लगातार समन्वय और सूचना साझा करना बेहद आवश्यक है, ताकि जरूरतमंद महिलाओं को समय पर सहायता मिल सके।
बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष जितेंद्र गोयल ने कहा कि महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी विभागों का आपसी समन्वय सबसे महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि साइबर जागरूकता, संवेदनशीलता और त्वरित कार्रवाई से ही महिलाओं में सुरक्षा का विश्वास मजबूत होगा। यदि सभी विभाग समन्वित रूप से कार्य करें तो महिलाओं और बच्चों से जुड़े मामलों का प्रभावी समाधान संभव है।
बैठक के अंत में अधिकारियों ने महिला सुरक्षा को लेकर आमजन में जागरूकता बढ़ाने, शिकायतों के त्वरित निस्तारण और पीड़ित महिलाओं को समय पर सहायता उपलब्ध कराने के लिए संयुक्त रूप से कार्य करने का संकल्प लिया। साथ ही स्पष्ट किया गया कि जिले में महिलाओं से जुड़े किसी भी मामले को गंभीरता से लिया जाएगा और दोषियों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

