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नाथूसरी चोपटा ब्लॉक के सरपंचों ने निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर पुलिस अधीक्षक को सौंपा ज्ञापन

हनुमानगढ़। नाथूसरी चोपटा ब्लॉक के 52 ग्राम पंचायतों के सरपंचों व जमाल गांव के ग्रामीणों ने सेकड़ो की संख्या में सरपंच एसोसिएशन के बैनर तले एकजुट होकर जिला पुलिस अधीक्षक हनुमानगढ़ को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने थाना गोगामेड़ी में दर्ज एफआईआर संख्या 42/2024 की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच की मांग की। इस अवसर पर बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और ग्रामीण भी उपस्थित रहे। ज्ञापन में राष्ट्रीय अध्यक्ष संतोष बेनीवाल ने बताया कि यह एफआईआर दिनांक 27 फरवरी 2024 को भारतीय दंड संहिता की धारा 365, 342 व 323 के तहत गोगामेड़ी थाना में दर्ज की गई थी। परिवादी विनोद कुमार, जो भरवाना गांव के शराब ठेके पर कार्यरत है, द्वारा यह मामला दर्ज कराया गया था। प्रारंभिक जांच में तत्कालीन अनुसंधान अधिकारी ने विस्तृत जांच करते हुए जमाल और भखाना गांव के प्रतिष्ठित लोगों के बयान लिए और 24 दिसंबर 2024 को यह रिपोर्ट झूठी एवं तथ्यहीन पाई गई, जिस पर एफ.आर. रिपोर्ट दी गई।
हालांकि, अनुसंधान अधिकारी के बदलने के बाद नए थाना प्रभारी ने कथित रूप से राजनैतिक दबाव में आकर पंचायत से जुड़े लोगों को इस मामले में झूठा आरोपी बनाना शुरू कर दिया। ज्ञापन में यह भी आरोप लगाया गया कि बिना किसी नई जांच या सबूत के, वर्तमान अनुसंधान अधिकारी इन जनप्रतिनिधियों के घरों पर दबिश दे रहे हैं और उन्हें गिरफ्तार करने का दबाव बना रहे हैं।
सरपंचों और ग्रामवासियों का कहना है कि जिस घटना का उल्लेख एफआईआर में किया गया है, वह असल में हुई ही नहीं थी, बल्कि यह मामला केवल पैसे के लेन-देन का था, जिस पर पूर्व में कई बार पंचायतें भी हो चुकी हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि पंचायतों में शामिल गणमान्य और जिम्मेदार लोगों को झूठे मामलों में फंसाया गया, तो इससे सामाजिक ताना-बाना बिगड़ेगा और भविष्य में कोई भी व्यक्ति पंचायत करने से कतराएगा।
जनप्रतिनिधियों ने यह भी कहा कि इलाके में इस घटनाक्रम को लेकर भारी रोष व्याप्त है और यदि तत्काल प्रभाव से निष्पक्ष उच्च अधिकारी से जांच नहीं करवाई गई तो जनाक्रोश और बढ़ सकता है। उन्होंने जिला पुलिस अधीक्षक से अपील की कि वे स्वयं इस मामले की निगरानी में निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करवाएं ताकि ग्रामीणों व जनप्रतिनिधियों का पुलिस प्रशासन पर विश्वास बना रहे।
इस मौके पर समस्त 52 गांवों के सरपंचों सहित अनेक ग्रामीण व सामाजिक प्रतिनिधि उपस्थित थे। सभी ने एक स्वर में मांग की कि सत्य के आधार पर जांच हो, न कि राजनीतिक प्रभाव में आकर निर्दोष लोगों को प्रताड़ित किया जाए।
इस मौके पर सरपंच संगठन की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष संतोष बेनीवाल, सरपंच संगठन के अध्यक्ष विनोद बगड़वा, विनोद रानी डूडी, मनोज कुमार, राकेश कुमार, सुभाष सरपंच, बंशीलाल सरपंच, विनोद, गूगन, रवि, उदय पाल, मांगेराम, कपिल, सुरजीत, सूरजभान, कालू सिंह, बबलू भाखर, समसुद्दीन सहित अन्य सरपंच एवं ग्रामीण मौजूद थे।

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